समर्थक

मंगलवार, 9 फ़रवरी 2016

मौन

हाँ...सुन लिया था
पर
प्रत्युतर मेरा
मौन

शिकायतें लाज़मी थी
पर
तर्पण मेरा
मौन

सन्नाटो को टूटना ही था
पर
अभिव्यक्ति मेरी
मौन

मुखौटे
सारे रंग लिए
पर
आवरण मेरा
मौन ...!