फ़ॉलोअर

शनिवार, 11 अगस्त 2012

दीवारें

मेरे घर की दीवारें
बदरंग न   हो कभी
बदला है रंग इनका
मेरे सुर के साथ ..

खामोश हैं मुझसे ज्यादा
कभी बोल जाती हैं
ना पूछो फिर भी ...

प्रतिबिम्ब मेरा प्रतिमान मेरा
प्रतिरूप मेरा है...
मेरे घर की दीवारें ...!!!

सोमवार, 2 जुलाई 2012

शब्द

खोज लिया
निरुत्तर
प्रश्न
मैं कौन?
रेखाएं
कहती गई
तस्वीरें
सारी ..
पर
अस्तित्व
कहाँ ??
तू मेरा
और मैं
तेरा
जलती लौ
संग
भड़कता
गया
ये
उद्वेलित
उत्तर ...!!!