शब्द ने शब्द जोड़े.. शब्द से शब्द बिखरे.. शब्द -शब्द ने ढूंढें अक्षर.. शब्द- शब्द फिर, शब्दश: खामोश हुए..!
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सोमवार, 27 अगस्त 2012
शनिवार, 25 अगस्त 2012
दोषी कौन ???
दोषी कौन ???
सावन है तो रूमानियत भरा ...पर इस बार ये रूमानियत कब दर्द में बदल गयी इसकी खबर ही नहीं लगी ..
कुछ तस्वीरें साझा करना चाहती हूँ ..

क्या ये अनियमित बांध ???
. बस रह गए ये जाते पदचिन्ह ...
ये सभी चित्र उत्तराखंड के चमोली एवं उत्तरकाशी जिले की हैं जो इस बार प्राकृतिक आपदा से प्रभावित हुए हैं।..
सावन है तो रूमानियत भरा ...पर इस बार ये रूमानियत कब दर्द में बदल गयी इसकी खबर ही नहीं लगी ..
कुछ तस्वीरें साझा करना चाहती हूँ ..

क्या ये अनियमित बांध ???
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मन तो डूबा ही डूबा मन को बंधने वाले केंद्र भी डूबे(धारी मंदिर )।..Add caption |
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उफनती नदी गहराता ह्रदय ...Add caption |
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या फिर अनियंत्रित निर्माण ?Add caption |
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आखिर दोष किसका? Add caption |
ये सभी चित्र उत्तराखंड के चमोली एवं उत्तरकाशी जिले की हैं जो इस बार प्राकृतिक आपदा से प्रभावित हुए हैं।..
शनिवार, 11 अगस्त 2012
दीवारें
मेरे घर की दीवारें
बदरंग न हो कभी
बदला है रंग इनका
मेरे सुर के साथ ..
खामोश हैं मुझसे ज्यादा
कभी बोल जाती हैं
ना पूछो फिर भी ...
प्रतिबिम्ब मेरा प्रतिमान मेरा
प्रतिरूप मेरा है...
मेरे घर की दीवारें ...!!!
बदरंग न हो कभी
बदला है रंग इनका
मेरे सुर के साथ ..
खामोश हैं मुझसे ज्यादा
कभी बोल जाती हैं
ना पूछो फिर भी ...
प्रतिबिम्ब मेरा प्रतिमान मेरा
प्रतिरूप मेरा है...
मेरे घर की दीवारें ...!!!
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